मोबाईल दुकान में चोरी करने वाले अंबिकापुर से पकड़ाए

चोरी की मोबाइल व बाइक बरामद
कोरबा। अंबिकापुर से कोरबा जिला पहुंचकर मोबाइल दुकान में चोरी करने वाले अंतरजिला शातिर चोर गिरोह के सदस्यों को पुलिस ने पकडऩे में सफलता हासिल की है। आरोपी को अंबिकापुर से पकड़ा गया है। जिसके पास से 40 हजार कीमती 26 मोबाइल व चोरी में प्रयुक्त बाइक जब्त किया गया है।
जानकारी के अनुसार कटघोरा निवासी अनिल नागवानी 40 विर्ष पिता कन्हैया लाल नागवानी कटघोरा मेनरोड में स्थित नया बस स्टैंड में मोबाइल मंत्रा नामक मोबाइल दुकान का संचालन करता है। उसके दुकान में नई मोबाइलों के बिक्री के अलावा मरम्मत के लिए लायी गई पुरानी मोबाइलों को रखा गया था। गत 3 सितंबर की रात्रि 9बजे के लगभग मोबाइल मंत्रा दुकान का संचालक अनिल नागवानी अपनी दुकान के शटर में ताला लगाकर अपने स्टाफ के साथ खाना खाने व सोने के लिए घर चला गया था। अगले दिन सुबह 4 सितंबर को वह दुकान पहुंचा तो देखा कि दुकान के शटर का ताला टूटा हुआ है तथा आलमारी भी खुली हुई है जिसमें रखे 51 नग मोबाइल कीमती 70 हजार लगभग को अज्ञात चोरों ने चोरी कर लिया है। जिसके बाद अनिल नागवानी उसी दिन कटघोरा थाना पहुंचा और इस मामले में अज्ञात चोरों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करा दी। मामले में पुलिस ने चोरों की पतासजी शुरू की। जिसके बाद चोरी गए मोबाइलों के ईएमआई कोड के आधार पर साइबर सेल की मदद से यह जानकारी हासिल किया गया कि इनमें से एक मोबाइल का उपयोग ग्राम तिलकोना थाना प्रेमनगर निवासी सुरेन्द्र दास महंत 21 वर्ष पिता प्रयागदास द्वारा किया जा रहा है जिसे पकडऩे के बाद पूछताछ में यह जानकारी मिली कि उसने मुडग़ांव थाना उदयपुर जिला सरगुजा अंबिकापुर में निवासरत किशन सिंह ध्रुव पिता मन्नू सिंह ध्रुव तथा मुड़ गांव निवासी प्रमोद दास महंत 25 वर्ष पिता धनेश्वर दास महंत से खरीदा है। इस तरह जानकारी हासिल होने पर किशन सिंह और प्रमोद दास को कटघोरा पुलिस ने अंबिकापुर जाकर पकड़ लिया। जिनकी निशानदेही पर चोरी किए गए 51 नग मोबाइलों में से 26 को तथा जिस बाइक से घटना दिनांक की रात्रि अंबिकापुर से आकर कटघोरा में चोरी किए थे उसे भी जप्त कर लिया।
सरगना की भूमिका की बारिकी से हो रही जांच
टीआई श्री शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि बाइक से घूम -घूम कर चलित चोरी की संगीन वारदातों को अंजाम देने वाले गिरोह का सरगना किशन सिंह ध्रुव बस्तर के घोर नक्सल प्रभावित दंतेवाड़ा का मूल निवासी है। जो 10 वर्ष पूर्व अंबिकापुर में आकर एक युवती से शादी किया था। इसके अलावा उसने ग्राम मुडग़ांव थाना उदयपुर एक और युवती से शादी किया है। इस तरह इन दोनों जगह आने जाने के अलावा उसका बराबर आनाजाना दंतेवाड़ा भी लगा रहता है। इन्ही ंकारणों से यह भी जांच किया जा रहा है कि उसका नक्सलियों से तार जुड़ा है या नहीं। पुलिस किसी नतीजे पर पहुंचने से पहले जांच-पड़ताल कर रही है।